देहरादून ✍️NIU राज्य स्वराज पार्टी (RSP) द्वारा महानगर कार्यालय में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को पार्टी के वरिष्ठ नेताओं बॉबी पंवार, महानगर अध्यक्ष देहरादून सुमित अग्रवाल, देवेन्द्र बिष्ट और ललित श्रीवास्तव ने संयुक्त रूप से संबोधित किया। नेताओं ने कपकोट (बागेश्वर) से भाजपा विधायक सुरेश गड़िया द्वारा विधायक निधि के पैसों से किए गए करोड़ों रुपये के बहुचर्चित क्रिकेट किट खरीद घोटाले का पर्दाफाश किया।
प्रेस वार्ता के मुख्य बिंदु:
4 गुना अधिक दामों पर खरीद (1:4 का भ्रष्टाचार):
मार्च 2026 में 208 क्रिकेट किटों की बल्क खरीद का वास्तविक बाजार मूल्य लगभग ₹8,075 प्रति किट था (जो कि 14 अक्टूबर 2026 को ₹9,500 हुई)। लेकिन विधायक निधि से कार्यदायी संस्था उत्तराखण्ड कॉपरेटिव फेडरेशन के माध्यम से यही किट ₹32,000 प्रति किट की दर से खरीदी गई। सीधे तौर पर विधायक निधि का 4 गुना अधिक दुरुपयोग किया गया।
बाकी किटों के गबन पर बड़ा सवाल:
मार्च 2026 में खरीदी गई 208 किटों में से अब तक महज दर्जन भर गांवों में ही किट बांटी गई हैं। सवाल यह उठता है कि बाकी की क्रिकेट किटें कहाँ गायब हुईं और इस गबन का जिम्मेदार कौन है?
चकराता विधायक निधि घोटाले की तर्ज पर ढिलाई:
जिस तरह पूर्व में चकराता विधायक निधि घोटाले में जांच एजेंसी कछुए की चाल से काम कर रही है और मामले को ठंडे बस्ते में डाला जा रहा है, ठीक उसी ढर्रे पर कपकोट के इस विशाल घोटाले को भी दबाने का प्रयास किया जा रहा है।
बॉबी पंवार ने आरोप लगाया है कि निजी कोऑपरेटिव संस्थाओं के नाम पर भी बड़ा खेल हो रहा है।
कपकोट क्षेत्र में खेल स्टेडियमों के निर्माण में 10 लाख रुपये के काम को करोड़ों में दिखाकर भुगतान किया जा रहा है। इस पूरी प्रक्रिया में विधायक के 2-3 नजदीकी ठेकेदारों को ही लाभ पहुंचाया जा रहा है।
सड़कों के टेंडर में 12% से 15% तक कमीशन:
PMGSY की एक-एक सड़क के एवज में 2 से 3 ठेकेदारों से भारी कमीशन वसूला गया है, ऐसी कुछ जानकारियां भी सामने आईं हैं , इसके पुख्ता साक्ष्य जल्द ही सार्वजनिक किए जाएंगे।
मूलभूत सुविधाओं से वंचित जनता, गली-गली अवैध बार:
क्षेत्र के अस्पतालों में 70% के लगभग डॉक्टरों के पद खाली हैं, कांडा व कपकोट में अल्ट्रासाउंड तक की सुविधा नहीं है और स्कूलों में मुख्य विषयों के 90% पद खाली हैं। वहीं दूसरी ओर, नियम-कायदों को ताक पर रखकर गांव-गांव में शराब तस्करी को बढ़ावा देने के लिए बिना पार्किंग और मानकों के अवैध बार खोल दिए गए हैं।
मांग व चेतावनी:
राज्य स्वराज पार्टी यह स्पष्ट करती है कि सरकारी धन की इस खुलेआम डकैती और युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यदि कपकोट विधायक निधि घोटाले और चकराता घोटाले की निष्पक्ष व त्वरित जांच कर कड़ी कार्रवाई नहीं की गई, तो पार्टी पूरे प्रदेश में सड़कों पर उतरकर व्यापक आंदोलन करेगी।










