13 सितंबर से 18 सितंबर तक उत्तराखंड में बारिश का दौर, पर्वतीय क्षेत्रों में तेज बौछार और आकाशीय बिजली का अलर्ट
देहरादून। मौसम विभाग ने उत्तराखंड में अगले छह दिनों के दौरान मौसम में बदलाव का पूर्वानुमान जारी किया है। 13 से 15 सितंबर तक राज्य के पर्वतीय जनपदों में कहीं-कहीं गर्जन के साथ आकाशीय बिजली चमकने और बारिश के तीव्र से अति तीव्र दौर की संभावना जताई गई है। इस दौरान बागेश्वर और पिथौरागढ़ में कहीं-कहीं भारी बारिश हो सकती है।
13 सितंबर: राज्य के बागेश्वर एवं पिथौरागढ़ जनपदों में कहीं-कहीं भारी वर्षा होने की संभावना है। पर्वतीय क्षेत्रों में गर्जन के साथ आकाशीय बिजली चमकने और बारिश के तीव्र से अति तीव्र दौर की आशंका है। हरिद्वार और ऊधमसिंह नगर में भी कहीं-कहीं आकाशीय बिजली चमकने की संभावना है।
14 सितंबर: पर्वतीय जनपदों में कहीं-कहीं गर्जन के साथ आकाशीय बिजली चमकने तथा बारिश के तीव्र से अति तीव्र दौर होने की संभावना है।
15 सितंबर: पर्वतीय क्षेत्रों में मौसम का मिजाज बिगड़ा रह सकता है। कहीं-कहीं गर्जन के साथ आकाशीय बिजली चमकने और बारिश के तीव्र से अति तीव्र दौर होने की संभावना है।
16 सितंबर: राज्य के सभी जनपदों में कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश अथवा गर्जन के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। पर्वतीय जनपदों में भी कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम वर्षा होने की संभावना है।
17 सितंबर: हरिद्वार और ऊधमसिंह नगर जनपदों में कहीं-कहीं हल्की से मध्यम बारिश अथवा गर्जन के साथ बौछारें पड़ सकती हैं।
18 सितंबर: राज्य के सभी जनपदों में कहीं-कहीं हल्की से मध्यम बारिश तथा गर्जन के साथ बौछार होने की संभावना है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान को देखते हुए पर्वतीय क्षेत्रों में रहने वाले लोगों और यात्रा करने वालों को मौसम की स्थिति पर नजर रखने की सलाह दी गई है।
मानसून वापसी का सिलसिला होगा चालू
आने वाले दिनों में दिल्ली और आसपास के इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। बारिश की सबसे ज्यादा संभावना 14 से 16 सितंबर के बीच है। वहीं, रविवार को भी कहीं-कहीं थोड़ी देर के लिए हल्की बारिश हो सकती है। मौसम में बदलाव के दौरान होने वाली प्राकृतिक अनियमितताओं के कारण इस तरह की बारिश की संभावना बनी हुई है। 18 सितंबर से दिल्ली और आसपास के इलाकों में मौसम के साफ होने की उम्मीद है। बारिश से पहले के दिनों में हवा में नमी काफी बढ़ सकती है। हालांकि, तेज गर्मी से राहत बारिश होने के बाद मिलने की उम्मीद है।
गर्मी अभी बनी हुई है, लेकिन दिल्ली में मानसून धीरे-धीरे वापसी की ओर बढ़ रहा है। दिल्ली से मानसून की सामान्य वापसी की तारीख 25 सितंबर मानी जाती है। सितंबर के मध्य में होने वाली बारिश और इसके बाद 18 सितंबर से मौसम साफ होने की संभावना मानसून के बदलते दौर का संकेत दे सकती है। जैसे-जैसे हवाओं की दिशा बदलती है, हवा में नमी और बादल कम होने लगते हैं। साथ ही, मानसून की ट्रफ यानी बारिश को प्रभावित करने वाली मानसूनी पट्टी भी दिल्ली से दूर खिसकने लगती है। इन बदलावों के बाद मानसून की आधिकारिक विदाई से पहले दिल्ली में केवल कुछ आखिरी बारिश देखने को मिल सकती है।


