Site icon News India Update

बर्फ की चादर में ढकी फूलों की घाटी, आज से बंद हुआ पर्यटकों का प्रवेश

बर्फ की चादर में ढकी फूलों की घाटी, आज से बंद हुआ पर्यटकों का प्रवेश

पिछले वर्ष की तुलना में इस बार कम पर्यटक पहुंचे, फिर भी प्राकृतिक सौंदर्य बना आकर्षण का केंद्र

चमोली। विश्व धरोहर फूलों की घाटी को आज से पर्यटकों के लिए बंद कर दिया गया है। बर्फ की परतों से ढकी घाटी ने सीजन के अंतिम दिनों में सैलानियों को मंत्रमुग्ध कर दिया।

वन विभाग के अनुसार, इस वर्ष घाटी में कुल 15,934 देशी और विदेशी पर्यटक पहुंचे, जिससे विभाग को ₹33.28 लाख की आय हुई। हालांकि, पिछले वर्ष की तुलना में इस बार पर्यटकों की संख्या में गिरावट दर्ज की गई है। वर्ष 2024 में 19,401 पर्यटक आए थे, जिससे विभाग को ₹39.40 लाख की आय प्राप्त हुई थी।

समय से पहले बर्फबारी बनी आकर्षण का केंद्र

इस बार मौसम में आए अचानक बदलाव के कारण घाटी में समय से पहले बर्फबारी हो गई। बर्फ की सफेद चादर ने पूरी घाटी को स्वर्गिक रूप दे दिया। हालांकि, बर्फबारी के चलते फूलों की कई प्रजातियां जल्द मुरझा गईं।

स्थानीय टूर ऑपरेटर संजय सती ने बताया कि “इस बार घाटी में फूलों की संख्या भले ही कम रही, लेकिन बर्फ के कारण घाटी का सौंदर्य और भी बढ़ गया। कई पर्यटक सिर्फ बर्फ का नजारा देखने यहां पहुंचे।”

हर दिन पहुंच रहे थे सीमित पर्यटक

वन क्षेत्राधिकारी चेतना कांडपाल ने बताया कि “बर्फबारी के बाद भी घाटी में रोज़ाना 8 से 10 पर्यटक पहुंच रहे थे।” उन्होंने बताया कि अब घाटी को आगामी पर्यटक सीजन तक बंद कर दिया गया है, ताकि बर्फ पिघलने के बाद वन क्षेत्र और फूलों की प्रजातियों का प्राकृतिक पुनर्जनन हो सके।

अगले सीजन में फिर दिखेगा रंगों का समंदर

घाटी को अब अगले वर्ष फिर से पर्यटकों के लिए खोला जाएगा। विशेषज्ञों का कहना है कि इस बार की समयपूर्व बर्फबारी घाटी की जैव विविधता पर सकारात्मक प्रभाव डाल सकती है। अगले सीजन में यहां नए और दुर्लभ फूलों की प्रजातियों के उभरने की संभावना है।

Exit mobile version